विज्ञापन - शीर्ष बैनर
Read in English —JantaScope English
कृत्रिम बुद्धिमत्ता समाचार

Google और Gates Foundation का बड़ा AI दांव: $100 Million+ से 20 करोड़ किसानों तक पहुंचेंगे Smart Farming Tools

Google और Gates Foundation ने Sub-Saharan Africa और South Asia के 20 करोड़ छोटे किसानों तक AI आधारित कृषि और climate tools पहुंचाने के लिए $100 million से अधिक की संयुक्त funding और technical support का ऐलान किया है। योजना में बेहतर weather forecasts, farm mapping, crop monitoring और स्थानीय भाषाओं में कृषि जानकारी जैसे क्षेत्रों पर जोर रहेगा।

Google और Gates Foundation का बड़ा AI दांव: $100 Million+ से 20 करोड़ किसानों तक पहुंचेंगे Smart Farming Tools
विज्ञापन

द्वारा जीत निर्मल

स्रोत: JantaScope

Artificial Intelligence अब केवल chatbots, coding और corporate productivity तक सीमित नहीं रह गई है। Google और Gates Foundation ने AI को दुनिया के करोड़ों छोटे किसानों तक पहुंचाने के लिए एक बड़े multi-year initiative का विस्तार किया है।

18 सितंबर को घोषित योजना के तहत दोनों संगठनों ने $100 million से अधिक की combined funding, साथ ही Google researchers की dedicated technical assistance, उन initiatives के लिए निर्देशित की है जो climate, agriculture और language AI tools को बड़े स्तर पर किसानों तक पहुंचाएंगे।

इस roadmap का लक्ष्य AI applications की पहुंच मौजूदा लगभग 50 million यानी 5 करोड़ किसानों से बढ़ाकर 200 million यानी 20 करोड़ smallholder farmers तक करना है। इसका मुख्य फोकस Sub-Saharan Africa और South Asia होगा।

किसानों को AI से क्या फायदा मिल सकता है?

इस पहल का उद्देश्य केवल किसानों को सामान्य AI chatbot उपलब्ध कराना नहीं है। योजना AI और advanced computing को खेती से जुड़ी वास्तविक समस्याओं के समाधान में इस्तेमाल करने पर केंद्रित है।

इसके तहत किसानों तक अधिक सटीक weather और climate information पहुंचाने, खेतों और फसलों की पहचान बेहतर करने, crop cycles को monitor करने और मिट्टी, मौसम तथा फसल की परिस्थितियों के आधार पर उपयोगी जानकारी उपलब्ध कराने पर काम किया जाएगा।

Gates Foundation के मुताबिक, AI पहले से Sub-Saharan Africa और South Asia में किसानों को स्थानीय भाषाओं में बीज चुनने, financial services तक पहुंचने और मौसम तथा फसल रोग से जुड़े जोखिमों का सामना करने में सहायता देने के लिए इस्तेमाल हो रहा है।

Climate Risk से निपटने में AI की बड़ी भूमिका

छोटे किसानों के सामने सबसे बड़ी समस्याओं में तेजी से बदलता मौसम है। Advanced weather forecasts उपलब्ध होने के बावजूद इनका farm-level decisions में उपयोग हमेशा आसान नहीं होता।

नई partnership इस अंतर को कम करने के लिए advanced AI forecasting को TomorrowNow नाम के operational climate platform के साथ integrate करने में मदद करेगी।

TomorrowNow को Gates Foundation, UK's Foreign, Commonwealth & Development Office (FCDO) और Google.org से funding support मिला है।

इसका उद्देश्य complex weather information को ऐसी जानकारी में बदलना है जिसका किसान अपनी खेती से जुड़े फैसलों में व्यावहारिक रूप से इस्तेमाल कर सकें।

Satellite Imagery से छोटे खेतों की पहचान

इस initiative का एक महत्वपूर्ण हिस्सा छोटे खेतों को digital systems के लिए अधिक स्पष्ट बनाना है।

Gates Foundation के अनुसार, smallholder farms दुनिया की अनुमानित 85% agricultural holdings का हिस्सा हैं। लेकिन छोटे और अनियमित आकार के खेतों को conventional satellite imagery से पहचानना कठिन हो सकता है।

इस समस्या के समाधान के लिए Agricultural Understanding Platform का इस्तेमाल किया जा रहा है। यह AI foundation models का एक suite है, जिसे farmers, government agencies और businesses के लिए विकसित किया गया है।

Google third-party providers की overhead imagery को AI के साथ इस्तेमाल कर छोटे खेतों की boundaries map करने और crops की पहचान करने पर काम कर रहा है। इसका उद्देश्य महंगे manual surveys पर निर्भरता कम करना है।

भारत पहले से इस Agricultural AI नेटवर्क का अहम हिस्सा

भारत के लिए यह पहल विशेष रूप से महत्वपूर्ण है क्योंकि Google के कई agricultural AI models का विकास और deployment यहां पहले ही शुरू हो चुका है।

Google ने अगस्त 2026 में बताया था कि उसके India-first agricultural AI models को दूसरे देशों और platforms तक expand किया जा रहा है। इनमें Agricultural Landscape Understanding (ALU) और Agricultural Monitoring & Event Detection (AMED) जैसे models शामिल हैं।

Google का Agricultural Land Use यानी ALU data layer अब India के साथ Malaysia, Vietnam और Indonesia तक फैला हुआ है। Kenya, Uganda, Ghana, Rwanda, Zambia और Nigeria में भी deployments आगे बढ़ रहे हैं।

भारत में Wadhwani AI और Digital Green को भी समर्थन

इस initiative का एक उद्देश्य AI technology को केवल बड़ी global technology companies तक सीमित नहीं रखना है।

Funding, computing resources और technical support स्थानीय researchers तथा innovators तक भी पहुंचाया जाएगा।

भारत में इसमें Wadhwani AI और Digital Green जैसे organizations शामिल हैं।

इस approach का उद्देश्य talent, data governance और intellectual property को उन क्षेत्रों से जोड़कर रखना है जहां agricultural AI solutions वास्तव में बनाए और इस्तेमाल किए जा रहे हैं।

40 से अधिक African Languages पर भी काम

AI-powered farming tools की सफलता के लिए भाषा एक महत्वपूर्ण चुनौती है। अगर किसान AI system से अपनी भाषा में आसानी से बातचीत नहीं कर सकता, तो technology की उपयोगिता सीमित हो सकती है।

इसी कारण initiative 40 से अधिक African languages के लिए open-source speech और text datasets को support करेगा।

इसमें Masakhane Research Foundation और Digital Umugunda जैसे regional networks शामिल हैं। लक्ष्य किसानों तक उनकी अपनी भाषाओं में जरूरी agricultural information पहुंचाने की क्षमता बढ़ाना है।

यह Gates Foundation की व्यापक AI strategy से भी जुड़ा है। Foundation ने सितंबर 2026 में अगले दो वर्षों में equitable AI के लिए कम से कम $1 billion खर्च करने की घोषणा की थी। इसमें लगभग 10% agriculture और 10% उस digital foundation के लिए निर्धारित किया गया है जिसमें कम प्रतिनिधित्व वाली भाषाओं के datasets शामिल हैं।

सूखा, गर्मी और बीमारियां झेलने वाली फसलों पर Research

$100 million से अधिक की commitment केवल किसान-facing apps तक सीमित नहीं है।

इस funding से regional agricultural research और infrastructure को भी support किया जाएगा। इसमें CGIAR के साथ ऐसी crop varieties विकसित करने के प्रयास शामिल हैं जो drought, extreme heat और diseases का बेहतर सामना कर सकें।

Climate change के कारण मौसम का pattern अधिक अनिश्चित होने की स्थिति में ऐसी research long-term food security के लिए महत्वपूर्ण हो सकती है।

छोटे किसान क्यों हैं इस योजना के केंद्र में?

Gates Foundation और Google के अनुसार, smallholder farmers दुनिया के food system में बहुत बड़ी भूमिका निभाते हैं।

वे 500 million से अधिक farms में दुनिया के करीब 35% food production के लिए जिम्मेदार हैं और इनमें से अधिकांश farms दो hectares से छोटे हैं।

इसके बावजूद इन किसानों के पास advanced satellite information, financial services और institutional support की पहुंच अक्सर सीमित रहती है।

Gates Foundation के CEO Mark Suzman ने कहा कि किसानों तक weather, crop और soil information पहुंचना अच्छी और खराब फसल के बीच अंतर पैदा कर सकता है। Foundation का कहना है कि Google, governments और agricultural partners के साथ collaboration का उद्देश्य AI को climate change से बढ़ रही इस चुनौती के समाधान में इस्तेमाल करना है।

Google का फोकस: किसानों के साथ मिलकर AI बनाना

Google.org की Global Head और Vice President Maggie Johnson के अनुसार, partnership का उद्देश्य केवल Global South के लिए AI तैयार करना नहीं, बल्कि उन communities के साथ मिलकर technology विकसित करना है जिनके लिए इसका इस्तेमाल होना है।

यह अंतर महत्वपूर्ण है क्योंकि agricultural advice स्थानीय मिट्टी, मौसम, फसल, भाषा और farming practices पर निर्भर करती है। एक ही generic AI model हर क्षेत्र में समान रूप से प्रभावी नहीं हो सकता।

$100 Million से आगे की कहानी

Google-Gates Foundation initiative को Gates Foundation की कहीं बड़ी AI strategy के संदर्भ में भी समझना जरूरी है।

Foundation ने 14 सितंबर को घोषणा की थी कि वह अगले दो वर्षों में AI access और AI-enabled solutions के विस्तार के लिए कम से कम $1 billion खर्च करेगा।

इसमें करीब 40% education, 40% healthcare, 10% agriculture और 10% digital infrastructure के लिए निर्धारित किया गया है।

इसलिए agriculture initiative एक standalone technology experiment नहीं है, बल्कि developing economies में AI की पहुंच बढ़ाने की व्यापक strategy का हिस्सा है।

क्या AI वास्तव में 20 करोड़ किसानों की खेती बदल पाएगा?

200 million farmers तक पहुंचने का लक्ष्य बड़ा है, लेकिन केवल AI tools उपलब्ध कराना सफलता की गारंटी नहीं देता।

इन systems की वास्तविक उपयोगिता इस बात पर निर्भर करेगी कि वे local languages को कितनी अच्छी तरह समझते हैं, farm-level data कितना accurate है, connectivity और digital access कैसा है, और किसानों को मिलने वाली recommendations वास्तविक परिस्थितियों में कितनी उपयोगी साबित होती हैं।

इस initiative की खास बात यह है कि Google और Gates Foundation केवल generative AI पर निर्भर नहीं हैं। उनका roadmap weather forecasting, satellite imagery, agricultural foundation models, crop research, local-language datasets और regional organizations को एक साथ जोड़ने की कोशिश करता है।

अगर यह infrastructure बड़े पैमाने पर प्रभावी साबित होता है, तो AI का सबसे महत्वपूर्ण उपयोग शायद chatbot में सवाल पूछना नहीं, बल्कि किसान को सही समय पर यह बताना हो सकता है कि उसके खेत, मौसम और फसल के लिए अगला बेहतर कदम क्या है।

साझा करें
विज्ञापन - मध्य लेख
विज्ञापन - नीचे