विज्ञापन - शीर्ष बैनर
Read in English —JantaScope English
बॉलीवुड

5.5 रेटिंग से अचानक कोई स्कोर नहीं? यश की ‘Toxic’ की BookMyShow लिस्टिंग पर छिड़ी बहस

यश की Toxic को लेकर नई बहस शुरू हो गई है। सोशल मीडिया यूजर्स का दावा है कि BookMyShow पर पहले फिल्म की करीब 5.5 रेटिंग दिखाई दे रही थी, लेकिन बाद में स्कोर नजर नहीं आया। जानिए क्या है पूरा मामला और किन दावों की अभी पुष्टि नहीं हुई है।

5.5 रेटिंग से अचानक कोई स्कोर नहीं? यश की ‘Toxic’ की BookMyShow लिस्टिंग पर छिड़ी बहस
विज्ञापन

द्वारा जीत निर्मल

स्रोत: Times Entertainment by TOI

यश की बहुप्रतीक्षित फिल्म Toxic: A Fairy Tale for Grown-Ups सिनेमाघरों में पहुंचते ही चर्चा में है। एक तरफ फिल्म की ओपनिंग और यश के स्टारडम की बात हो रही है, तो दूसरी तरफ BookMyShow पर दिखाई देने वाली इसकी ऑडियंस रेटिंग ने सोशल मीडिया पर एक नई बहस छेड़ दी है।

कई यूजर्स का कहना है कि फिल्म की BookMyShow लिस्टिंग पर पहले करीब 5.5/10 की रेटिंग दिखाई दे रही थी, लेकिन कुछ समय बाद वही स्कोर नजर आना बंद हो गया। इसके बाद सोशल मीडिया पर सवाल उठने लगे—आखिर रेटिंग गई कहां?

यही सवाल अब फिल्म से जुड़ी ऑनलाइन चर्चा का बड़ा हिस्सा बन गया है।

पहले दिखी रेटिंग, फिर अचानक गायब?

सोशल मीडिया पर शेयर किए जा रहे कथित स्क्रीनशॉट्स में Toxic की रेटिंग लगभग 5.5/10 दिखाई देने का दावा किया जा रहा है। बाद में जब कुछ यूजर्स ने फिल्म की BookMyShow लिस्टिंग देखी, तो वहां ऑडियंस स्कोर नजर नहीं आया।

इसके बाद लोगों ने दूसरी फिल्मों की लिस्टिंग से तुलना करनी शुरू कर दी। कुछ यूजर्स ने सवाल किया कि अगर बाकी फिल्मों की रेटिंग दिखाई दे रही है, तो Toxic की क्यों नहीं?

यहीं से मामला तेजी से वायरल होने लगा।

हालांकि, इस पूरे विवाद में सबसे जरूरी बात यह है कि रेटिंग क्यों दिखाई नहीं दे रही थी, इसकी कोई आधिकारिक वजह अभी स्थापित नहीं हुई है।

इसलिए सोशल मीडिया पर चल रहे दावों और पुष्टि की गई जानकारी के बीच अंतर रखना जरूरी है।

क्या फिल्म की टीम ने हटवाई रेटिंग?

सोशल मीडिया पर इस सवाल को लेकर तरह-तरह की बातें कही जा रही हैं।

कुछ यूजर्स ने अनुमान लगाया कि फिल्म को मिल रही मिली-जुली प्रतिक्रियाओं के कारण रेटिंग हटाई गई होगी। कुछ पोस्ट में फिल्म की PR टीम और निर्माताओं पर भी सवाल उठाए गए।

लेकिन अभी तक ऐसा कोई ठोस प्रमाण सामने नहीं आया है जिससे यह साबित हो कि यश, फिल्म के निर्माता या उनकी प्रमोशनल टीम ने BookMyShow से रेटिंग हटाने के लिए कहा था।

यानी इंटरनेट पर आरोप जरूर हैं, लेकिन उन्हें तथ्य मान लेना जल्दबाजी होगी।

जब तक BookMyShow या फिल्म से जुड़े लोग इस मामले पर स्पष्ट जानकारी नहीं देते, रेटिंग गायब होने के पीछे की असली वजह को लेकर निश्चित दावा नहीं किया जा सकता।

5.5 या 5.7? वायरल स्क्रीनशॉट्स ने बढ़ाई उत्सुकता

इस कहानी में एक और दिलचस्प पहलू सामने आया।

विवाद के दौरान ऑनलाइन मौजूद एक BookMyShow पेज में Toxic को 16,000 से अधिक वोटों के आधार पर करीब 5.7/10 रेटिंग मिलने का दावा भी सामने आया।

यही वजह है कि लोगों की उत्सुकता और बढ़ गई। अगर हजारों लोगों ने फिल्म को रेट किया था, तो बाद में स्कोर क्यों नहीं दिख रहा था?

फिलहाल इस सवाल का कोई पुष्ट जवाब सामने नहीं आया है।

बॉक्स ऑफिस पर यश का जलवा, लेकिन दर्शकों की राय एक जैसी नहीं

रेटिंग को लेकर विवाद अपनी जगह है, लेकिन बॉक्स ऑफिस पर Toxic की शुरुआत ने साफ कर दिया कि यश को बड़े पर्दे पर देखने का क्रेज कम नहीं हुआ है।

फिल्म ने रिलीज के शुरुआती दौर में ही बड़ी कमाई दर्ज की। उपलब्ध रिपोर्ट्स के अनुसार इसका पहले दिन का वर्ल्डवाइड कलेक्शन लगभग ₹140.75 करोड़ बताया गया।

लेकिन कमाई और दर्शकों की राय दो अलग कहानियां बनती दिखाई दे रही हैं।

कुछ दर्शकों को यश का अंदाज, उनकी स्क्रीन प्रेजेंस, फिल्म का विजुअल ट्रीटमेंट और बड़े एक्शन सीक्वेंस पसंद आए हैं। वहीं दूसरे दर्शकों ने कहानी, स्क्रीनप्ले और हिंसा के इस्तेमाल को लेकर निराशा जताई है।

यानी फिल्म लोगों को सिनेमाघरों तक खींचने में सफल दिख रही है, लेकिन थिएटर से बाहर निकलने के बाद हर दर्शक की प्रतिक्रिया एक जैसी नहीं है।

आखिर एक ऑनलाइन रेटिंग को लेकर इतना हंगामा क्यों?

पहली नजर में यह सिर्फ एक वेबसाइट पर दिखाई देने वाला नंबर लग सकता है, लेकिन आज फिल्मों के कारोबार में ऑडियंस रेटिंग की भूमिका काफी बढ़ गई है।

बहुत से लोग टिकट बुक करने से पहले ट्रेलर देखने के साथ IMDb, BookMyShow या सोशल मीडिया पर लोगों की प्रतिक्रियाएं भी देखते हैं।

ऐसे में 5.5 और 8.5 जैसी रेटिंग के बीच का अंतर किसी दर्शक के टिकट खरीदने के फैसले को प्रभावित कर सकता है।

यही कारण है कि जब किसी बड़ी फिल्म की रेटिंग अचानक दिखाई देना बंद कर दे, तो लोगों का सवाल पूछना स्वाभाविक है।

यह मामला सिर्फ Toxic तक सीमित नहीं है। इससे एक बड़ा सवाल भी उठता है—क्या ऑनलाइन प्लेटफॉर्म को किसी फिल्म की ऑडियंस रेटिंग हटाने, रोकने या उसके प्रदर्शन में बदलाव करने पर यूजर्स को स्पष्ट जानकारी देनी चाहिए?

सोशल मीडिया ने मामले को और बड़ा बना दिया

आज किसी फिल्म की किस्मत केवल शुक्रवार की अखबार समीक्षा से तय नहीं होती।

पहला शो खत्म होते ही X, Instagram, YouTube और दूसरे प्लेटफॉर्म पर वीडियो, रिव्यू और प्रतिक्रियाएं आने लगती हैं। कुछ ही घंटों में किसी फिल्म को लेकर सकारात्मक या नकारात्मक नैरेटिव तैयार हो सकता है।

यहीं समस्या भी शुरू होती है।

वास्तविक दर्शकों की प्रतिक्रियाओं के बीच फैन वॉर, ट्रोलिंग, संगठित रेटिंग कैंपेन और बिना सबूत के आरोप भी तेजी से फैल सकते हैं।

Toxic के मामले में भी यही सावधानी जरूरी है। सवाल उठाना सही है, लेकिन बिना प्रमाण किसी व्यक्ति या टीम को जिम्मेदार ठहराना उचित नहीं होगा।

क्या है ‘Toxic: A Fairy Tale for Grown-Ups’?

गीतू मोहनदास के निर्देशन में बनी Toxic: A Fairy Tale for Grown-Ups एक पीरियड एक्शन-क्राइम थ्रिलर है।

फिल्म में यश राया की भूमिका में नजर आते हैं। कहानी सत्ता, अपराध, वफादारी, विश्वासघात और हिंसा से भरी दुनिया के इर्द-गिर्द आगे बढ़ती है।

फिल्म में यश के साथ कियारा आडवाणी, नयनतारा, हुमा कुरैशी, तारा सुतारिया और रुक्मिणी वसंत जैसे कलाकार भी शामिल हैं।

फिल्म को KVN Productions और Monster Mind Creations ने प्रोड्यूस किया है।

अब सबसे बड़ा सवाल—BookMyShow क्या कहेगा?

फिलहाल इस पूरे विवाद का जवाब एक आधिकारिक स्पष्टीकरण से मिल सकता है।

अगर BookMyShow यह बताता है कि रेटिंग क्यों उपलब्ध नहीं थी—चाहे वजह तकनीकी हो, प्लेटफॉर्म की पॉलिसी से जुड़ी हो या कुछ और—तो सोशल मीडिया पर चल रही कई अटकलों पर विराम लग सकता है।

तब तक कहानी को दो हिस्सों में समझना बेहतर होगा।

पहला, यूजर्स ने Toxic की ऑडियंस रेटिंग दिखाई न देने को लेकर सवाल उठाए हैं और कथित पुराने स्क्रीनशॉट्स ऑनलाइन शेयर किए जा रहे हैं।

दूसरा, रेटिंग गायब होने के पीछे यश, उनकी PR टीम या फिल्म निर्माताओं का हाथ होने का कोई पुष्ट प्रमाण फिलहाल सामने नहीं आया है।

एक बात जरूर है—Toxic को लेकर चर्चा सिर्फ बॉक्स ऑफिस तक सीमित नहीं रही। फिल्म की रेटिंग को लेकर शुरू हुई यह बहस अब ऑनलाइन मूवी रिव्यू सिस्टम की पारदर्शिता तक पहुंच गई है।

और शायद इस पूरी कहानी का सबसे दिलचस्प सवाल अभी भी वही है—

अगर हजारों दर्शकों ने फिल्म को रेट किया था, तो वह स्कोर आखिर गया कहां?

साझा करें
विज्ञापन - मध्य लेख
विज्ञापन - नीचे