Duleep Trophy Final: Tilak Varma 99 रन पर आउट, South Zone पर East Zone की 372 रन की बढ़त
Introduction
चेन्नई के MA Chidambaram Stadium में Duleep Trophy फाइनल के चौथे दिन Tilak Varma ने South Zone की लड़खड़ाती पारी को लंबे समय तक संभाले रखा, लेकिन उनकी मेहनत शतक में तब्दील नहीं हो सकी।
South Zone के कप्तान ने East Zone के विशाल 708 रन के जवाब में 211 गेंदों पर 99 रन बनाए। उनके बल्ले से नौ चौके निकले। जब वह अपने नौवें first-class century से सिर्फ एक रन दूर थे, off-spinner Kounain Quraishi ने अपनी ही गेंद पर उनका catch लेकर पारी समाप्त कर दी।
Tilak आखिरी बल्लेबाज के रूप में आउट हुए और South Zone की पहली पारी 336 रन पर सिमट गई। नतीजा यह रहा कि East Zone को पहली पारी में 372 रन की विशाल बढ़त मिली।
99 पर कैसे आउट हुए Tilak Varma?
Tilak ने अपनी पारी में जल्दबाजी के बजाय धैर्य को प्राथमिकता दी।
211 गेंदों तक crease पर टिकने के बाद वह 99 पर पहुंच चुके थे। शतक सामने था, लेकिन Quraishi की गेंद पर उनका शॉट वापस गेंदबाज की ओर गया और off-spinner ने return catch पूरा कर लिया।
इसके साथ ही Tilak का शतक भी छूट गया और South Zone की पारी भी समाप्त हो गई।
99 का स्कोर इसलिए भी ज्यादा चुभने वाला था क्योंकि यह century उनके first-class career का नौवां शतक होता।
708 रन के दबाव में थी South Zone
Tilak की पारी को समझने के लिए match situation महत्वपूर्ण है।
East Zone ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 708 रन का विशाल स्कोर बनाया था। Ishan Kishan की 270 रन की पारी इस बड़े total की सबसे महत्वपूर्ण वजहों में रही।
इतने बड़े स्कोर का जवाब देते हुए South Zone लगातार दबाव में रही।
तीसरे दिन के अंत तक टीम 242/6 पर थी और East Zone से 466 रन पीछे चल रही थी। Mohammed Shami ने भी South Zone के बल्लेबाजों को महत्वपूर्ण झटके दिए थे।
ऐसी स्थिति में Tilak के सामने सिर्फ व्यक्तिगत स्कोर बनाने की चुनौती नहीं थी। उन्हें innings को जितना संभव हो उतना लंबा खींचना था।
Tilak की 99 रन की पारी क्यों थी महत्वपूर्ण?
Scorecard में 99 century से एक रन कम है, लेकिन परिस्थितियों के लिहाज से यह South Zone की सबसे महत्वपूर्ण पारियों में शामिल रही।
Tilak ने एक छोर संभालकर East Zone के bowlers को लंबी अवधि तक विकेट से दूर रखा। उनके आउट होते ही South Zone 336 पर all out हो गई।
East Zone के लिए Mukesh Kumar ने तीन विकेट लिए, जबकि Mohammed Shami, Shikhar Mohan और Kounain Quraishi ने दो-दो विकेट हासिल किए।
फिर भी 708 के जवाब में 336 पर्याप्त नहीं था और East Zone ने 372 रन की first-innings lead हासिल कर ली।
Semifinal में भी Tilak ने खेली थी Captain's Knock
Tilak का 99 रन का प्रदर्शन isolated innings नहीं है। मौजूदा Duleep Trophy campaign में उनका बल्ला लगातार प्रभाव छोड़ रहा है।
North Zone के खिलाफ semifinal की पहली पारी में South Zone एक समय 80/5 पर मुश्किल में थी। वहां Tilak ने कप्तानी पारी खेलते हुए नाबाद 116 रन बनाए।
दूसरी पारी में 181 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए उन्होंने 79 गेंदों पर नाबाद 51 रन बनाए और South Zone को सात विकेट से जीत दिलाकर final में पहुंचाया।
इसलिए final में 99 रन की पारी उनकी red-ball consistency को आगे बढ़ाती है, भले ही century पूरी नहीं हुई।
लगातार दूसरा Duleep Trophy शतक बनने से चूका
अगर Tilak एक और रन बना लेते, तो यह मौजूदा tournament में उनका लगातार दूसरा century-level performance होता।
Indian Express के मुताबिक, यह उनका Duleep Trophy में तीसरा शतक और first-class cricket में नौवां century होता। उन्होंने 2023 में इस competition में debut किया था और उसके बाद छह matches में प्रभावशाली प्रदर्शन किया है।
उनकी हालिया innings इसलिए भी ध्यान खींच रही हैं क्योंकि Tilak को मुख्य रूप से India के white-ball setup से जोड़ा जाता रहा है।
Duleep Trophy में लंबे spells तक बल्लेबाजी करने की उनकी क्षमता उनके red-ball credentials को भी मजबूत कर रही है।
East Zone अब मजबूत स्थिति में
Tilak की 99 रन की पारी के बावजूद final की स्थिति East Zone के पक्ष में झुकी हुई है।
708 रन बनाने के बाद South Zone को 336 पर रोकना East Zone को 372 रन की first-innings advantage दे चुका है।
यह बढ़त final में विशेष रूप से महत्वपूर्ण है। अगर मुकाबला draw होता है, तो competition के नियमों के तहत first-innings lead निर्णायक हो सकती है और इससे East Zone को खिताब हासिल करने का रास्ता मिलता है।
East Zone लंबे समय बाद Duleep Trophy title जीतने की स्थिति में पहुंची है। Indian Express के मुताबिक, टीम अपने 14 साल के खिताबी इंतजार को समाप्त करने के करीब है।
Century नहीं, लेकिन Tilak ने छोड़ा बड़ा संदेश
99 पर आउट होना Tilak Varma के लिए व्यक्तिगत रूप से निराशाजनक रहेगा, लेकिन उनकी पारी का महत्व सिर्फ एक रन से century चूकने तक सीमित नहीं है।
Semifinal में 116* और 51* के बाद final में 211 गेंदों तक टिककर 99 बनाना दिखाता है कि वह अलग-अलग red-ball situations में लंबी innings खेलने में सक्षम हैं।
उनकी white-ball credentials पहले से स्थापित हैं। इस Duleep Trophy campaign ने उनके red-ball game पर भी चर्चा बढ़ाई है। हालांकि इससे Test selection की गारंटी नहीं मिलती—वह फैसला selectors, team combination और आगे के performances पर निर्भर करेगा।
फिलहाल South Zone के लिए तस्वीर कठिन है। Tilak ने कप्तान के रूप में प्रतिरोध जरूर किया, लेकिन East Zone की 372 रन की first-innings lead ने Duleep Trophy final में उसे स्पष्ट बढ़त दे दी है।
